चंडीगढ़ पुलिस की गाड़ी का एक्सिडेंट, फिर हथियार छीन भागे शूटर; IG ने बताया- स्टाफ पर फायरिंग की, चेतावनी देने पर भी नहीं रुके

Chandigarh Police IG Press Conference Over Cashier Murder Shooters Encounter

Chandigarh Police IG Press Conference Over Cashier Murder Shooters Encounter

Chandigarh Cashier Murder Case: सेक्टर-11 कमिस्ट शॉप के कैशियर मर्डर मामले में चंडीगढ़ पुलिस के हाथ बड़ी सफलता लगी है। पुलिस ने वारदात में शामिल 2 आरोपी शूटरों को जम्मू-कश्मीर से गिरफ्तार कर लिया है। इस बीच गुरुवार तड़के सुबह शहर के धनास जंगल के नजदीक आरोपी शूटरों का हाफ एनकाउंटर भी हुआ है। जिसमें दोनों शूटरों के पैर में गोली लगी है। जबकि अभी एक तीसरे आरोपी की पकड़ को लेकर कार्रवाई जारी है। जिसकी पहचान अमित के तौर पर बताई जा रही है। चंडीगढ़ पुलिस के IG पुष्पेंद्र कुमार ने प्रेस वार्ता कर शूटरों की गिरफ्तारी और इस पूरे घटनाक्रम पर ज्यादा जानकारी दी है।

IG Pushpendra Kumar

IG ने बताया- दोनों शूटरों की उम्र 21-22 साल

प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए IG पुष्पेंद्र कुमार ने बताया कि सेक्टर-11 कमिस्ट शॉप के कैशियर हत्याकांड को लेकर चंडीगढ़ पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की और इस वारदात को लेकर SIT बनाई गई। जिसमें लोकल थाना पुलिस टीम के साथ क्राइम ब्रांच, ऑपरेशन सेल और डिस्ट्रिक्ट क्राइम सेल की टीम को रखा गया। एसआईटी की जांच और छानबीन में पता चला कि आरोपी हत्या के बाद बस लेकर पहले दिल्ली गए और फिर ट्रेन से जम्मू-कश्मीर चले गए। IG के मुताबिक, बुधवार शाम जम्मू से वारदात में शामिल आरोपी सन्नी मेहरा और आर्यन शर्मा को गिरफ्तार किया गया। दोनों जम्मू के रहने वाले हैं। सन्नी मेहरा 22 साल का है और आर्यन शर्मा करीब 21 साल का है।

IG ने कहा- गाड़ी का एक्सिडेंट, फिर हथियार छीन भागे शूटर

IG पुष्पेंद्र कुमार ने जानकारी दी कि जम्मू में दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी कर वहां से कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद चंडीगढ़ पुलिस की टीम रात को चंडीगढ़ के लिए रवाना हुई। जहां इसी बीच गुरुवार सुबह धनास के पास गाड़ी अचानक स्लिप होकर हादसे का शिकार हो गई। जिसका फायदा उठाकर दोनों आरोपियों ने पुलिस स्टाफ से हथियार छीनकर मौके से भागने की कोशिश की। दोनों आरोपियों ने बचकर निकलने के लिए पुलिस टीम पर 2 राउंड फायरिंग भी की। गनीमत रही कि किसी पुलिस जवान को गोली नहीं लगी और कोई घायल नहीं हुआ।  

चेतावनी देने पर भी नहीं रुके शूटर

आईजी पुष्पेंद्र कुमार के अनुसार, फायरिंग कर भाग रहे आरोपियों को पहले पहल चेतावनी देकर रोकने की कोशिश की गई। लेकिन जब वह नहीं माने तो इसके बाद हमने भी जवाबी कार्रवाई की। बदमाशों के 2 राउंड फायरिंग के जवाब में हमारी तरफ से 4 राउंड फायरिंग की गई। यानि इस मुठभेड़ में कुल 6 राउंड फायरिंग हुई और इसके बाद दोनों आरोपियों को मौके से दोबारा काबू कर लिया गया। दोनों को घायल अवस्था में इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया. वहीं गाड़ी के हादसे को लेकर IG ने बताया कि चालक घायल हुआ है। जिसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। हादसे की भी जांच की जा रही है।

अभी आरोपियों की आपराधिक हिस्ट्री नहीं मिली

आईजी द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, प्रारंभिक जांच में पकड़े गए आरोपियों की अभी तक कोई आपराधिक हिस्ट्री नहीं मिली है। हालांकि इनका संबंध ऐसे लोगों से रहा है जो क्रिमिनल बैकग्राउंड से हैं। इनके साथियों को लेकर छानबीन की जा रही है। आईजी ने कहा कि पकड़े गए दोनों ही आरोपी ज्यादा पढ़े-लिखे नहीं हैं। चंडीगढ़ पुलिस इनके पारिवारिक बैकगग्राउंड की भी जांच कर रही है। इनके घर वालों से भी पूछताक्ष की जाएगी। वहीं आरोपियों की लोकेशन खंगाली गई है और इन्हें ट्रैक किया गया है। हत्या के बाद ये कहां-कहां रुके और किस-किस से मिले। इसकी पूरी छानबीन की गई है और आगे की जांच भी जारी है।

तीसरा आरोपी फरार, हत्याकांड के हथियार अभी बरामद नहीं

आईजी पुष्पेंद्र कुमार ने बताया कि हत्याकांड के हथियार अभी पकड़े गए आरिपियों के पास से बरामद नहीं हो सके हैं। क्योंकि हथियार तीसरे आरोपी के पास हैं। वह तीसरा आरोपी अभी भागा हुआ है और जिसे काबू करने के लिए तेज कार्रवाई की जा रही है। जिसकी पहचान अमित के तौर पर हुई है। IG ने बताया कि कमिस्ट शॉप के कैशियर पर सन्नी मेहरा और फरार अमित, ये दोनों ही फायरिंग कर फरार हुए थे। सन्नी मेहरा ने फायरिंग की थी और अमित उसके साथ में खड़ा था. आईजी ने आरोपी अमित को भी जल्दी गिरफ्तार किए जाने की बात कही है और यह भी कहा कि हम फंडिंग, लॉजिस्टिक सपोर्ट और इनके मॉड्यूल को लेकर भी जांच कर रहे हैं।

श्रीकुमार केमिस्ट शॉप को किसी तरह की धमकी नहीं थी

वहीं आईजी पुष्पेंद्र कुमार ने यह भी बताया कि श्रीकुमार केमिस्ट शॉप को किसी तरह की धमकी नहीं थी। कैशियर जानकीदास को भी रंगदारी की कोई कॉल नहीं आई थी। हालांकि पैसों की मांग और लेन-देन को लेकर जांच की जा रही है। वहीं टारगेट मिस्टेक को लेकर भी जांच की जा रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि क्या आरोपी सीधे श्रीकुमार केमिस्ट शॉप के कैशियर जानकीदास को ही निशाना बनाने आए थे या फिर कोई और टारगेट था या केवल दहशत फैलाने के उद्देश्य से यह वारदात की गई। आईजी पुष्पेंद्र कुमार ने कहा कि अभी कई चीजें जांच पर हैं। इसलिए अभी ज्यादा कुछ नहीं कहा जा सकता।

वारदात से पहले कजहेड़ी रुके थे शूटर

आईजी से जब सवाल किया गया कि शूटर जम्मू से आने के बाद चंडीगढ़ में कहां रहे तो उन्होंने बताया कि वे वारदात से पहले कजहेड़ी में रुके थे। हालांकि चंडीगढ़ में उनके फ्रेंड सर्कल की कोई जानकारी अभी तक सामने नहीं आई है। लेकिन पंजाब में कुछ लोगों से इनका संबंध सामने आया है। जिसकी जांच की जा रही है। वहीं चंडीगढ़ में किसी द्वारा इनकी मदद किए जाने को लेकर आईजी ने कहा कि इसके बारे में कोई चीज सामने नहीं आई है। बताया जाता है कि वारदात के बाद भी आरोपी कजहेड़ी ही भागे थे और शहर में काफी देर तक सक्रिय रहे। पुलिस ने आरोपियों की बाइक लेजर वैली के पास से बरामद की थी।

एरिया सिक्योरिटी प्लान को मजबूती से लागू कर रहे

वहीं इस हत्याकांड के बाद से शहर में आम लोगों और खासकर व्यापारियों के बीच सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता पर आईजी ने कहा कि ऐसी वारदात दोबारा न हो, इसके लिए हम एरिया सिक्योरिटी प्लान को मजबूती से लागू कर रहे हैं, ग्राउंड पर सुरक्षा बढ़ाई जा रही है। हमारी पूरी कोशिश है शहर में कहीं भी दोबारा ऐसी वारदात न होने पाये। वहीं आईजी ने कहा कि शहर के व्यापारियों से बातचीत की जा रही है और उन्हें अगर सुरक्षा की जरूरत लगती है तो उन्हें सुरक्षा भी दी जा रही है। साथ ही चंडीगढ़ पुलिस धमकी भरे फोन काल्स की जांच कर रही है। शहर में नाके बढ़ा दिए गए हैं और पुलिस अलर्ट है।

गैंगस्टरों का काम धमकी देना, हमारा काम निपटना

वहीं गैंगस्टरों की धमकियों को लेकर आईजी पुष्पेंद्र कुमार ने दो टूक बात कही है। आईजी ने कहा कि उनका काम धमकी देना है और हमारा काम उनसे निपटना है। पुलिस को जो करना वो कर रही है। बता दें कि दोनों शूटरों की गिरफ्तारी के बीच गैंगस्टर गोल्डी ढिल्लों की धमकी का ऐंगल भी सामने आया है। जिसमें वह चंडीगढ़ पुलिस को धमकी देते हुए कह रहा है कि हमारे भाइयों को नुकसान पहुंचाने का अंजाम बुरा होगा। चंडीगढ़ पुलिस ने इस धमकी को लेकर जांच शुरू कर दी है।

13 जून को केमिस्ट शॉप में घुसकर हत्या की

गौरतलब है कि बीते 13 जून शनिवार दोपहर सेक्टर-11 के भरे बाजार में श्रीकुमार केमिस्ट शॉप में घुसकर यहां धनास निवासी कैशियर जानकीदास पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाईं गईं। वहीं कैशियर की हत्या कर शूटर मौके से फरार होने में कामयाब रहे। हालांकि हत्या की यह पूरी वारदात शॉप पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई थी। जिसमें सिर पर कैप और मुंह पर मास्क लगाए शूटर गोलीबारी करते दिख रहे हैं। इस हत्याकांड के बाद सेक्टर-11 मार्केट के व्यापारियों में दहशत का महौल पैदा हो गया। साथ ही पूरे शहर के लोग भी सरेआम हुए इस हत्याकांड से दहल उठे थे। साथ ही चंडीगढ़ पुलिस की कार्यशैली और शहर की कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए।

13 राउंड के करीब फायरिंग की गई

बदमाशों ने ऑटोमेटिक पिस्टल से करीब 13 राउंड के करीब फायरिंग की थी। बताया जाता है कि हत्या की वारदात में बदमाशों ने तुर्की मेड आटोमेटिक जिगाना पिस्टल (लाखों में कीमत) इस्तेमाल की। चंडीगढ़ में इस पिस्टल से की गई हत्या की संभवता यह पहली वारदात है। वहीं कैशियर जानकीदास की हत्या को लेकर चंडीगढ़ पुलिस ने तुरंत सक्रियता दिखाई। पुलिस ने पुरानी रंजिश, रंगदारी मांगे जाने और गैंगस्टर कनेक्शन के ऐंगल से जांच शुरू की थी। बदमाशों को पकड़ने के लिए पूरे शहर में नाकाबंदी की गई। हालांकि हत्याकांड को अंजाम देने के बाद बदमाश चंडीगढ़ से बाहर निकल पाने में सफल रहे।

बदमाशों की एक और CCTV फुटेज सामने आई

श्रीकुमार केमिस्ट शॉप के कैशियर जानकीदास पर गोलियों बरसाने से पहले बदमाशों की एक और CCTV फुटेज सामने आई। जिसके मुताबिक बदमाशों ने सेक्टर-11 में एक अन्य केमिस्ट शॉप पर भी रेकी की थी। लेकिन वहां उन्होंने किसी वारदात को अंजाम नहीं दिया। कुछ समय इधर-उधर घूमने और देखने के बाद वह वहां से निकल गए। बदमाशों की चाल को देखकर ऐसा प्रतीत होता है कि जैसे वह किसी टारगेट की तलाश में थे। हालांकि अभी साफ तौर से कुछ भी कहना मुश्किल है और सही नहीं होगा। अब तो पुलिस की जांच में ही सारी परतें खुलेंगी। साथ ही यह भी मालूम चलेगा की इसमें कोई गैंगस्टर कनेक्शन और संगठित अपराध का संबंध है या नहीं।